
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज 7, लोक कल्याण मार्ग स्थित अपने आवास पर भारतीय AI स्टार्टअप्स के साथ एक हाई-लेवल राउंडटेबल बैठक की। यह बैठक अगले महीने भारत में होने वाले India AI Impact Summit 2026 से ठीक पहले आयोजित की गई, जिसे भारत की Global Tech Leadership Ambition से जोड़कर देखा जा रहा है।
इस बैठक में AI for ALL: Global Impact Challenge के लिए चयनित 12 Indian AI Startups ने भाग लिया और अपने cutting-edge प्रोजेक्ट्स की विस्तृत प्रस्तुति दी।
किन क्षेत्रों में काम कर रहे हैं भारतीय AI स्टार्टअप्स?
बैठक में शामिल स्टार्टअप्स का फोकस साफ तौर पर “Desi Problems, Global Solutions” पर दिखा।
प्रमुख क्षेत्र रहे:
- Indian Language Foundation Models & Multilingual LLMs
- Speech-to-Text, Text-to-Audio & Text-to-Video AI
- E-commerce & Marketing के लिए Generative AI-based 3D Content
- Engineering Simulation & Material Research
- Healthcare Diagnostics & Medical Research
यानी AI सिर्फ चैटबॉट नहीं, बल्कि डॉक्टर, इंजीनियर, डिजाइनर और रिसर्च पार्टनर बनने की राह पर है।
‘AI Innovation का Global Center अब भारत की ओर’
AI स्टार्टअप्स के प्रतिनिधियों ने सरकार की strong policy support और ecosystem push की खुलकर तारीफ की।
उनका कहना था कि:
“AI innovation और adoption का global center अब धीरे-धीरे India की तरफ shift हो रहा है।”
यह बयान अपने-आप में संकेत है कि Silicon Valley अकेली नहीं रही, और Bengaluru–Hyderabad–Pune axis अब ग्लोबल मैप पर मजबूती से उभर रहा है।
PM Modi का बड़ा Vision: AI से Transformational Growth
प्रधानमंत्री मोदी ने बैठक में कहा कि Artificial Intelligence समाज में व्यापक और परिवर्तनकारी बदलाव लाने का सबसे बड़ा माध्यम बन चुका है।
उन्होंने कहा कि India AI Impact Summit 2026 भारत को global tech leadership का बड़ा मंच देगा। भारत AI को सिर्फ technology नहीं, बल्कि development tool की तरह इस्तेमाल कर रहा है।

‘Startups Are Co-Architects of India’s Future’
पीएम मोदी ने स्टार्टअप्स और AI उद्यमियों को भारत के भविष्य का “Co-Architect” बताया। उनका साफ संदेश था:
“India has the power of innovation and the power of scale — दोनों एक साथ।”
उन्होंने “Made in India, Made for the World” विज़न को AI के साथ जोड़ते हुए कहा कि भारत को दुनिया के सामने एक अलग, भरोसेमंद AI मॉडल पेश करना चाहिए।
Ethical AI पर मोदी की दो टूक
प्रधानमंत्री ने AI के नैतिक पक्ष पर खास जोर दिया और कहा कि भारतीय AI मॉडल Ethical, Unbiased, Transparent, Data Privacy–centric होने चाहिए।
साथ ही, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि Affordable & Inclusive AI भारत की global USP हो सकती है। Local content और regional languages को AI मॉडल्स में प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
दुनिया AI से डर रही है कि “AI jobs ले लेगा” और भारत कह रहा है— “पहले job create तो करने दो, फिर AI सिखाएगा कैसे करना है!”
कौन-कौन रहा मौजूद?
इस महत्वपूर्ण बैठक में Ashwini Vaishnaw (केंद्रीय IT & Electronics मंत्री), Jitin Prasada (राज्य मंत्री) भी उपस्थित रहे।
